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  1. JHN.S1 वचन देहधारी हुयो
  2. JHN.S2 यहुन्ना बपतिस्मा देनेवावान गवाय
  3. JHN.S3 यहोवा–भगवानन मेम्नु
  4. JHN.S4 ईशुन पेहलु चेलु
  5. JHN.S5 फिलिप्पुस आरू नतनएलन बुलावु आवनो
  6. JHN.S6 गलीलन काना गाँव मा पेहला विछेळीयो काम
  7. JHN.S7 मंदिर से व्यापारियो क निकाला जाना
  8. JHN.S8 ईशु मानसन मन काजे जानतु छे
  9. JHN.S9 ईशु आरू नीकुदेमुस
  10. JHN.S10 ईशुन विषयमा यहुन्ना न गवाय
  11. JHN.S11 सोरगदूत रईन आवनेवाळो कुण छे
  12. JHN.S12 ईशु आरू सामरिया बाई
  13. JHN.S13 ईशु आधिकारी पोर्‍या काजे आरगाय देदु
  14. JHN.S14 अड़तीस सालन दुःख आरगाय करनो
  15. JHN.S15 पोर्‍या हक
  16. JHN.S16 ईशुन सम्बन्धमा गवाय
  17. JHN.S17 ईशु पाच हजार मानसोक रोटा खावड़ावलु
  18. JHN.S18 मानसोन ईशु काजे ढुँढना
  19. JHN.S19 ईशु जीवनन रोटा छे
  20. JHN.S20 अमरकाय जीवनन वचन
  21. JHN.S21 ईशु आरू हेरेन सब भाईस
  22. JHN.S22 मंडपन तिवार मा ईशु
  23. JHN.S23 काय ईशु भी मसीह छे?
  24. JHN.S24 ईशु काजे धरनेन कोशिष
  25. JHN.S25 जीवन–पानीन नदी
  26. JHN.S26 मानसो मा भेद–भाव
  27. JHN.S27 यहूदि अगळवानिया विनभुरसा
  28. JHN.S28 व्यभिचारिणी काजे माप
  29. JHN.S29 ईशु जगतन ज्योति
  30. JHN.S30 आपसा विषय मा ईशुन कथन
  31. JHN.S31 सच्चाई तुमूक स्वतंत्र करसे
  32. JHN.S32 ईशु आरू अब्राहम
  33. JHN.S33 जनम रईन आंधवा द्रूष्टिदान
  34. JHN.S34 फरीसियान द्वारा हारगायन जाच–पड़ताल
  35. JHN.S35 आत्मिक आंधवा
  36. JHN.S36 गुवाळ्यु आरू हावंढान द्रूष्टान्त
  37. JHN.S37 ईशु वारलु गुवाळ्यु
  38. JHN.S38 ईशुन नाकार
  39. JHN.S39 लाज़रन मोत
  40. JHN.S40 इसुत पुनरूत्थान आरू जीवन छे
  41. JHN.S41 ईशु रवडु
  42. JHN.S42 ईशु लाज़र काजे जीवाड़्यु
  43. JHN.S43 ईशुन विरोध षड़यन्‍त्र
  44. JHN.S44 बैतनिया मा ईशुन अभिषेक
  45. JHN.S45 लाज़रन विरोध षड्यन्त्र
  46. JHN.S46 यरूशलेम मा विजय–भरायने
  47. JHN.S47 यूनानियान ईशु काजे ढुढ़
  48. JHN.S48 कुरूसन मरनान संकेत
  49. JHN.S49 यहूदि यान विनभुरसीया मा बवना रयनु
  50. JHN.S50 ईशुन वचन: न्यायन आधार
  51. JHN.S51 ईशु चेलान पाय धुव्यु
  52. JHN.S52 विश्वासघातन तरफ संकेत
  53. JHN.S53 नवली हुकुम
  54. JHN.S54 पतरसन ईशु क मानने सी मना करने न सहलाणी संकेत
  55. JHN.S55 यहोवा–भगवान तक पुगनेन रस्तु
  56. JHN.S56 चुखलो आत्मान प्रतिज्ञा
  57. JHN.S57 ईशुन सच्ची दाखलता
  58. JHN.S58 संसार साथे दुस्मनी
  59. JHN.S59 चुखलो आत्मान काम
  60. JHN.S60 दुःख सुख मा बदली जाछे
  61. JHN.S61 संसार पर विजय
  62. JHN.S62 ईशुन डाहला पुजारान प्रार्थना: खुदन करता
  63. JHN.S63 बगीच्या मा ईशु क धरावनु
  64. JHN.S64 हन्नान समक्ष ईशु
  65. JHN.S65 पतरस ईशु क मानने सी मना करनो
  66. JHN.S66 पुजारा द्वारा ईशुन पूछताछ
  67. JHN.S67 पतरसन ईशुन उवखनेन पछु नाकार
  68. JHN.S68 पिलातुसन सामने ईशु लावनु
  69. JHN.S69 ईशु क मोत क दण्ड
  70. JHN.S70 कुड़ा लागङनो आरू वायकेड़ा उङावनो
  71. JHN.S71 कुरूस पर चढ़ावने जुगु ईशु क लोगहन हात मा करनो
  72. JHN.S72 ईशु क कुरूस पर चढ़ावनो
  73. JHN.S73 कामोन पुरो होयनो
  74. JHN.S74 भालो गपनो
  75. JHN.S75 यूसुफ न बीड़ा मा ईशु क गाड़नो
  76. JHN.S76 ठारलो बीड़ो
  77. JHN.S77 मरियम मगदलीनी क दर्शन देना
  78. JHN.S78 चाकरीयो न वीच मा ईशु क देखाय पड़नो
  79. JHN.S79 थोमा पर प्रगट होयनु
  80. JHN.S80 इन किताबन उद्देश
  81. JHN.S81 तिबिरियुस नदीन काट पर चेला प्रकट होयनु
  82. JHN.S82 ईशु आरू पतरस
  83. JHN.S83 ईशु आरू हेको मोंगाळो चेला
  84. JHN.S84 उपसंहार