मेलबलि

11जो कोई यहोवे खे मेलबलि चढ़ाणा चाओआ; तिजी रा बिधान ये ए, 12जे से तेसा बलिया खे तन्यवाद देणे खे चढ़ाणा चाओआ, तो तन्यवादो री बलिया साथे तेलो साथे अभिषेक कित्ते रे बिना सजेड़े रे फुलके ओर तेलो साथे चोपड़ी रिया बिना सजेड़े रिया रोटिया ओर तेलो साथे मिले रे मैदे रे फुलके तेलो साथे तर ऊए रे चढ़ाओ। 13ओर से आपणे तन्यवाद वाल़े मेलबलिया साथे सजेड़े रिया रोटिया बी चढ़ाओ। 14बिना सजेड़े री रोटिया रे तिंऊँ चढ़ावे बीचा ते एक-एक रोटी यहोवे रे सामणे चकणे री पेंट करी की चढ़ाओ; से मेलबलिया रे खूनो खे छिड़कणे वाल़े पुरोईतो रिया ऊणिया।

15ओर तेस तन्यवाद वाल़े मेलबलिया रा मास बलिदान चढ़ाणे वाल़े दिनो रेई खाणा; तिजी बीचा ते दूजे दिने कुछ बी प्यागा खे नि बचणा चाईयो। 16पर जे तेसरे बलिदानो रा चढ़ावा मान्नता रा या आपणी इच्छा रा ओ, तो तेस बलिदानो खे जेस दिने से चढ़ाया जाओगा, तेस ई दिने से खाया जाओ ओर तिजी बीचा ते जो बाकि बचोगा, तिजी खे दूजे दिने बी खाई सकोए। 17पर जो कुछ बलिदानो रे मासो बीचा ते तीजे दिनो खे बची जाओगा, से आगी रे फूकी देणा। 18जे मेलबलिया रे मासो बीचा ते कुछ बी तीजे दिने खाओ, तो जो बलि करी राखेया से ग्रहण नि करेया जाणा ओर ना ई तेसरे इतो रे गिणेया जाणा; कऊँकि से अशुद्ध ऊईगा रा ओर जो कोई तिजी बीचा ते खाओगा, तेस तेते पापो रा नतीजा पुगतणा पड़ना।

19ओर फेर जेते मासो साथे कोई अशुद्ध चीज छवाँई जाओ, तेबे से खाणा नि; से आगी रे फूकी देणा। फेर मेलबलिया रा मास जितणे शुद्ध ओ सेयो ई खाई सकोए, 20पर जे कोई अशुद्ध ऊई रा माणूं यहोवे खे चढ़ाई री मेलबलिया रे मासो बीचा ते कुछ खाओगा तो से आपणे लोका बीचा ते निकयाल़ी देणा चाईयो। 21ओर जे कोई अशुद्ध चीजा खे छुँईं की यहोवे रे मेलबलिया रे डांगरो रे मासो बीचा ते खाओगा, तो से बी आपणे लोका बीचा ते निकयाल़ी देणा चाईयो, चाए से माणूंआ री कोई अशुद्ध चीज ओ या अशुद्ध डांगर या कोई बी अशुद्ध या घृणित चीज ओ।