23येह कोनो अचरज के बात नो हय, यदि परमेसर ह ये करे के दुवारा, अपन बड़े महिमा के धन ला ओमन ला देखाय चाहिस, जऊन मन दया के पात्र रिहिन अऊ महिमा के खातिर पहिली ले तियार करे गे रिहिन।